भारतीय एथलेटिक खिलाड़ी हिमा दास के बारे में जानिए सभी जानकारी

Hima Das

भारतीय इतिहास में ट्रैक एंड फील्ड एथलीट्स को लेकर कोई खासा अच्चछा रिकॉर्ड नहीं है, लेकिन युवा महिला एथलेटिक खिलाड़ी हिमा दास ने पूरे विश्व में जिस तरह से प्रदर्शन किया उससे स्थिती जरूर कुछ बदलाव देखने को मिला है। हिमा ने फिनलैंड में हुई वर्ल्ड अंडर 20 चैंपियनशिप में 400 मीटर इवेंट में गोल्ड मेडल जीतकर सभी को अचमंभे में डाल दिया था। आसाम के एक छोटे से टाउन से आने वाली हिमा को इस स्तर तक पहुंचने के लिए काफी परेशानियों का भी सामना करना पड़ा है।

शुरूआती जीवन

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9 जनवरी 2000 को हिमा दास का जन्म आसाम के ढिंग टाउन के पास एक गांव में हुआ था। हिमा के पिता का नाम रोंजीत और मां का नाम जोनाली दास है। एक किसान परिवार से आने वाली हिमा अपने 5 भाई-बहनों में सबसे छोटी हैं। बचपन में हिमा को फुटबॉल खेलना काफी पसंद था और वह स्कूल में लड़को के साथ फुटबॉल खेलती थी।

ढिंग पब्लिक स्कूल से अपनी पढ़ाई पूरी की, हिमा अधिकतर समय फुटबॉल खेलने में बिताती थी, लेकिन एक दिन स्कूल के फिजिकल एजुकेशन टीचर ने उन्हें देखा और रनिंग में करियर बनाने की सलाह दी। इसके बाद हिमा ने शॉर्ट और मिडिल डिस्टेंस रनिंग इवेंट में हिस्सा लेना शुरू किया और शिव सागर स्पोर्ट्स मीट में दास ने 2 गोल्ड मेडल जीते।

प्रोफेशनल जीवन

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एकेडमी में जाने के बाद हिमा दास के खेल में काफी सुधार देखने को मिला जिसके बाद साल 2016 के जूनियर नेशनल के फाइनल तक में हिमा ने अपनी जगह बना ली थी। इसके अलावा हिमा ने एशियन यूथ चैंपियनशिप और वर्ल्ड यूथ चैंपियनशिप में 200 मीटर डिसीप्लिन में अपनी जगह बनाई।

एशियन गेम्स टेस्ट इवेंट में 200 मीटर में गोल्ड मेडल जीतने के बाद हिमा ने अपना पूरा ध्यान 400 मीटर डिसीप्लिन इवेंट में लगाया। साल 2018 के कॉमनवेल्थ गेम्स में हिमा ने 400 मीटर और 4X400 मीटर इवेंट में हिस्सा लिया और दोनों ही इवेंट के फाइनल के लिए क्वालीफाइ कर लिया, जिसमें 400 मीटर के इवेंट में हिमा 6 वें स्थान पर रहीं थी, वहीं रिले रेस में टीम 7 वें स्थान पर रही थी।

वर्ल्ड अंडर 20 चैंपियनशिप साल 2018 में हिमा ने देश का सम्मान बढ़ाने का काम करते हुए 400 मीटर के फाइनल में जीत हासिल की, जिसके बाद वह अंतरराष्ट्रीय ट्रैक इवेंट में गोल्ड मेडल जीतने वाली पहली भारतीय स्प्रिंटर खिलाड़ी बन गयी। इसके साथ ही साल 2018 के एशियन गेम्स में 400 मीटर इवेंट के लिए भी हिमा ने क्वालीफाइ किया।

साल 2019 में हिमा दास ने पोलैंड में हुई पोजान एथलेटिक्स ग्रैंड प्रिक्स में 200 मीटर के इवेंट में गोल्ड मेडल जीता। इसके साथ ही साल 2019 में सिर्फ 1 महिने में हिमा दास ने 5 गोल्ड मेडल अपने नाम पर करके लगातार सुर्खियां बटोरने का काम किया।

अचीवमेंट

  • जकार्ता में हुए साल 2018 के एशियन गेम्स में महिला 4X400 मीटर इवेंट में गोल्ड मेडल जीता।
  • साल 2018 में जकार्ता में हुए एशियन गेम्स में 4X400 मीटर मिक्सड इवेंट में गोल्ड मेडल जीता।
  • एशियन गेम्स साल 2018 में 400 मीटर डिसीप्लिन इवेंट में सिल्वर पदक जीता।
  • वर्ल्ड अंडर 20 चैंपियनशिप में 400 मीटर कैटेगरी में 400 मीटर कैटेगरी में गोल्ड मेडल जीता।

अवार्ड्स

  • 25 सितम्बर 2018 को भारत सरकार की तरफ से अर्जुन पुरस्कार मिला।
  • 14 नवंबर 2018 को यूनिसेफ इंडिया ने देश की पहली यूथ ब्रांड अम्बेसडर के तौर पर हिमा को चुना।
  • आसाम राज्य सरकार की स्पोर्ट्स ब्रांड अम्बेसडर के तौर पर नियुक्ति हुई।

निजी जानकारी

  • पूरा नाम – हिमा दास
  • निकनेम – ढिंग एक्सप्रेस
  • पिता का नाम – रोंजीत दास
  • मां का नाम – जोनाली
  • भाई – बसंता
  • बहन का नाम – रिंती दास, बर्षा
  • लम्बाई – 5 फुट 5 इंच
  • वजन – 50 किलोग्राम
  • आंखो का रंग – ब्लैक
  • बालों का रंग – ब्राउन
  • जन्म – 9 जनवरी 2000
  • उम्र – 19 साल (साल 2019 तक)
  • राशी – मकर
  • राष्ट्रीयता – भारतीय
  • होमटाउन – ढिंग, आसाम
  • स्कूल – ढिंग पब्लिक स्कूल
  • रिलीजन – हिंदू
  • हॉबी – फुटबॉल खेलना, शूटिंग और फिल्मे देखना
  • वैवाहिक स्थिती – अविवाहित

विवाद

अभी तक अपने छोटे से एथलेटिक करियर में हिमा दास किसी भी तरह के विवाद में पड़ते हुए नहीं देखी गयी हैं।

नेटवर्थ

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मौजूदा समय में हिमा दास को किसी कंपनी के ब्रांड अम्बेसडर बनने के लिए 35 लाख से 60 लाख रूपये मिलते हैं। वर्तमान में हिमा दास के साथ एडीडास स्पोर्ट्सवियर, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, एडलवाइज़ फाइनेंसियल सर्विस सहित कुछ और ब्रांड जुडे हुए हैं। फिलहास हिमा की नेटवर्थ को लेकर किसी तरह की जानकारी उपलब्ध नहीं है।

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