20 साल की युवा महिला शूटर खिलाड़ी एलावेनिल वलारिवन ने इस खेल में काफी कम समय में अपने नाम का परचम लहरा दिया। तमिलनाडु में जन्म लेनी वाली एलावेनिल सभी की नज़रो में उस समय आयी जब उन्होंने 2018 के ISSF वर्ल्डकप में 10 मीटर एयर राइफल जूनियर कैटेगरी में गोल्ड मेडल जीता। सीनियर लेवल पर साल 2019 में ISSF के वर्ल्डकप में एलावेनिल ने डेब्यू करते हुए 10 मीटर एयर राइफल शूटिंग इवेंट में गोल्ड मेडल को अपने नाम पर किया।
शुरूआती जीवन
तमिलनाडु के कुड्डालोर में जन्म लेनी वाली एलोवेनिल जब 3 साल की थी, तो उस समय परिवार हैदराबाद में आकर बस गया। एलावेनिल के पिता और दोनों भाईयों एक पीचडी स्कॉलर हैं।
13 साल की उम्र तक एलावेनिल वलारिवन को शूटिंग में किसी भी तरह की दिलचस्पी नहीं थी, इसके बाद उन्होंने पहली बार अपने हाथ में गन को पकड़ा। एलोविनल के भाई चाहते थे, कि वह इस खेल में आगे बढ़े और इसी बात को लेकर वलारिवन ने एक इंटरव्यू के दौरान कहा था, कि पहले मैने इसे इतना गंभीर रूप से नहीं लिया लेकिन साल 2014 में जब मैने इसका अभ्यास करना शुरू किया तब मैं इसको लेकर गंभीर हुई।
शूटिंग में जिस समय एलाविनल की दिलचस्पी बढ़नी शुरू हुई थी, तब वह 10 वीं क्लास में पहुंच चुकी थी और इस कारण वह अपनी पढ़ाई के साथ किसी तरह का समौझता नहीं करना चाहती थी और वलारिवन ने पढ़ाई और खेल दोनों को काफी शानदार तरीके से संभाला। वलारिवन के कोच के अनुसार 20 साल यह स्टार शूटर खिलाड़ी सुबह के समय आकर अपना अभ्यास करती थी और इसके बाद वह क्लास शुरू होने से वह स्कूल चली जाती थी और स्कूल खत्म होने के बाद घंटो अभ्यास करती थी।
नेहा चौहान जो एलाविनल की कोच हैं, उन्होंने एक इंटरव्यू के दौरान बताया कि, वलारिवन का घर ट्रेनिंग सेंटर से 25 किलोमीटर दूर था, जिस कारण वह सुबह 4 बजकर 30 मिनट पर उठने के बाद साढ़े 5 बजे तक ट्रेनिंग सेंटर आ जाती थी और शाम को साढ़े 8 बजे तक अभ्यास करती थी।
प्रोफेशनल लाइफ
एलावेनिल वलारिवन के जीवन में उस समय बड़ा बदलाव आया जब वह प्रोजेक्ट लीप के लिए चयनित हो गयी। यह प्रोजेक्ट गगन नारंग की गन फॉर ग्लोरी एकेडमी की तरफ से चलाया जाता है। यहां पर एलावेनिल को अंतरराष्ट्रीय ट्रेनर मिले जिनके साथ कई सेशन बितान के बाद उन्होंने अपनी तकनीक पर काफी काम किया और इससे मैच की तैयारियों में भी काफी मदद मिली। तमिलनाडु की यह शूटर वर्तमान में भी गगन नारंग की एकेडमी में अपनी तैयारी कर रही है।
इन सेशन की मदद से एलावेनिल को काफी लाभ मिला और उन्होंने केरला में हुए नेशनल शूटिंग चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल जीता। इसके बाद मलेशिया में हुए वर्ल्ड यूनिवर्सिटी शूटिंग स्पोर्ट चैंपियनशिप में भी एलोवेनिल ने अकेले और टीम के साथ गोल्ड मेडल जीता।
वलारिवन की सफलता हासिल करने की चाहत लगातार बढ़ती जा रही थी और 2018 में हुए ISSF जूनियर वर्ल्डकप में 10 मीटर एयर राइफल जूनियर कैटेगरी में गोल्ड पदक जीतकर सभी को चौंका दिया था। एलावेनिल ने साल 2019 में हुए ISSF वर्ल्डकप में सीनियर लेवल पर डेब्यू करते हुए सभी को एकबार फिर से अचम्भे में डालने का काम करते हुए अजुम मौदगिल और अपूर्वी चंडेला जैसी दिग्गज़ शूटर खिलाड़ियों को पछाड़ते हुए फाइनल में 251.7 का स्कोर करते हुए गोल्ड मेडल जीता। ISSF वर्ल्डकप 2018 और 2019 में गोल्ड मेडल जीतने के बाद एलावेनिल का अगला इरादा साल 2020 में टोक्यो ओलंपिक में गोल्ड मेडल जीतने का है।
निजी जीवन
मौजूदा समय में एलावेनिल वलारिवन इंग्लिश साहित्य में बैचलर कर रही हैं और अभी वह शादीशुदा नहीं है।
रोचक बातें
सम्मान और उपलब्धियां
निजी जानकारी
फिजिकल मापदंड
नेटवर्थ
भारतीय शूटिंग स्टार एलावेनिल वलारिवन की नेटवर्थ के बारे में अभी किसी भी तरह की जानकारी उपलब्ध नहीं है।
विवाद
अपने शूटिंग के करियर में एलावेनिल वलारिवन का विवाद से दूर का ही नाता ही दिखा है, जिस कारण उन्हें किसी भी तरह के विवाद में पड़ते हुए नहीं देखा गया है।
सोशल मीडिया हैंडल्स
साल 2021 IPL के बाद IPL का पन्ना बढकर 13 पन्नो का हो जायेगा, इसके…
भारत का त्योहार मतलब की IPL एक बार फिर लोगो के बिच में मनोरंजन के…
IPL आज के समय में सबसे ज्यादा पसंदीदा लीग बना हुआ है और इस बात…
साल 2021 का IPL जल्द ही शुरु होने वाला है, 18 फरवरी को हुए ऑक्शन…
हम सभी जानते है की IPL फ्रेंचाइजी को खिलाडीयों को रिटेन और रिलीज के बारे…
हर साल का IPL बिते हुए IPL से ज्यादा मनोरंजक और रोमांचित होता है या…