India vs Bangladesh: भारतीय टीम ने विराट कोहली की कप्तानी में घर पर एक और टेस्ट सीरीज़ पर कब्जा किया। बांग्लादेश के खिलाफ कोलकाता में खेले जा रहे इस टेस्ट सीरीज़ के दूसरे और भारतीय क्रिकेट इतिहास का पहले पिंक बॉल टेस्ट मैच में भारतीय टीम ने तीसरे दिन के पहले ही सेसन में बांग्लादेश की दूसरी पारी को 195 रनों पर समेटते हुए एक पारी और 46 रनों से जीत हासिल की।
इस मैच में भारतीय टीम के लिए जहां कप्तान विराट कोहली ने शतकीय पारी खेली तो वहीं तेज़ गेंदबाज़ी में इशांत शर्मा ने मैच में 9 विकेट लिए तो वहीं उमेश यादव ने भी 8 विकेट मैच में झटके। इशांत को इस टेस्ट सीरीज़ का प्लेयर ऑफ दी सीरीज़ के साथ प्लेयर ऑफ दी सीरीज़ का भी खिताब दिया गया।
आईये एक नज़र डालते हैं, भारतीय टीम ने इस सीरीज़ जीत के साथ क्या नये रिकॉर्ड बना दिए
- भारतीय टीम ने अपने पिछले 4 टेस्ट मैच एक पारी के अंतर से जीते हैं, जिसके बाद विश्व क्रिकेट में ऐसा पहली बार हुआ है, कि किसी टीम ने लगातार 4 बार ऐसा किया हो।
- भारतीय टीम ने अपनी पहली पारी 347 रन 9 विकेट पर घोषित कर दी थी, जो दूसरा सबसे कम पारी से जीतने वाला स्कोर हैं। इससे पहले साल 1990 में श्रीलंका के खिलाफ चंडीगढ में टेस्ट मैच में भारतीय टीम ने अपनी पहली पारी 288 के स्कोर पर घोषित करने के बाद एक पारी और 8 रन से मैच में जीत हासिल की थी।
- भारतीय टीम ने अपने पिछले 7 टेस्ट मैच में जीत हासिल की है, जो टीम के पिछले लगातार 6 रिकॉर्ड से अधिक है। इससे पहले साल 2013 में टीम ने लगातार 6 टेस्ट मैच में जीत हासिल की थी।
- कोलकाता टेस्ट मैच में भारतीय टीम के तेज गेंदबाज़ो ने 19 विकेट झटके जो घर पर खेले गए किसी एक टेस्ट मैच में सबसे अधिक विकेट लेने का रिकॉर्ड है। इससे पहले साल 2017 में श्रीलंका के खिलाफ ईडन गार्डेन्स में खेले गए टेस्ट में भारतीय टीम के तेज गेंदबाज़ो ने 17 विकेट अपने नाम पर किए थे।
- इशांत शर्मा और उमेश यादव ने कोलकाता टेस्ट में 9 और 8 विकेट हासिल किए हैं, जो भारतीय टेस्ट इतिहास के पहले ऐसे तेज गेंदबाज़ जोड़ी बन गए हैं, जिन्होंने एक ही टेस्ट में 8 से अधिक विकेट हासिल किए हैं। साथ यह दूसरी भारतीय जोड़ी हैं, जिन्होंने एक ही टेस्ट मैच में 5 विकेट एक पारी में हासिल किए हैं। इससे पहले कपिल देव और मदन लाल ने साल 1981 में इंग्लैंड के खिलाफ मुम्बई में खेले गए टेस्ट मैच की चौथी पारी में 5-5 विकेट हासिल किए थे।
- इस साल भारतीय गेंदबाज़ो का औसत 19.66 का रहा है, जो टेस्ट क्रिकेट में कम से कम 5 टेस्ट मैच तक दूसरा किसी एक साल में पिछले 60 सालों में सबसे शानदार औसत हैं। इससे पहले वेस्टइंडीज़ का साल 1986 में गेंदबाज़ी औसत 19.09 का था।
- विराट कोहली की कप्तानी में भारतीय टेस्ट टीम की यह 33 वीं जीत हैं, जो टेस्ट क्रिकेट में 5 वें सफल कप्तान बन गए हैं। कोहली ने कोलकाता टेस्ट में जीत के साथ ऑस्ट्रेलियन टीम के पूर्व कप्तान एलन बॉर्डर के 32 टेस्ट जीत के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया।
- रविचंद्रन अश्विन घर पर खेले गए टेस्ट मैचो में 33 वीं जीत का हिस्सा रहे हैं, जिसके बाद ऐसा करने वाले सचिन तेंदुलकर 52 के बाद दूसरे स्थान पर आ गए हैं। अश्विन ने राहुल द्रविड के 32 घरेलू टेस्ट जीत को पीछे छोड़ दिया, वहीं चेतेश्वर पुजारा ने द्रविड की बराबरी कर ली है।
- विराट कोहली तीसरे ऐसे भारतीय खिलाड़ी बन गए हैं, जिनके टीम में रहते हुए 100 वीं जीत हासिल हुई है। इस मामले में सचिन तेंंदुलकर पहले स्थान पर 149 जीत के साथ और महेंद्र सिंह धोनी 124 जीत के साथ दूसरे स्थान पर बने हुए हैं।