Windies vs India – Kohli & Shami new Records
वेस्टइंडीज़ के खिलाफ भारतीय टीम ने विश्वकप के अपने 6 वें मुकाबले में 125 रनों की जीत दर्ज करने साथ सेमीफाइनल में पहुंचने के काफी करीब हैं। इस विश्वकप में जब भारतीय टीम खेलने उतरी थी, तो आईसीसी वनडे रैकिंग में दूसरे पायदान पर थी, लेकिन विंडीज़ के खिलाफ टीम रैकिंग में पहले पायदान पर पहुंच गयी थी और टीम ने अपने खेल के जरिए इस बात को सही भी ठहराया कि वह इसके काबिल भी हैं।
भारतीय टीम के लिए इस मैच में एकबार फिर कप्तान विराट कोहली ने बल्ले से 72 रनों की पारी खेली तो वहीं धोनी ने भी 56 रनों की नाबाद पारी खेलकर टीम को 50 ओवरो के बाद 7 विकेट के नुकसान पर 268 के स्कोर तक पहुंचाने में अहम भूमिका अदा की। इसके बाद गेंदबाज़ो ने पिछले मैच की तरह इस मैच में भी शानदार प्रदर्शन करते हुए विंडीज़ टीम को 143 के स्कोर पर समेट दिया जिसमें शमी ने सबसे अधिक 4 विकेट हासिल किए।
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आईये एक नज़र डालते हैं, इस मैच में बने रिकॉर्ड पर | Kohli & Shami new Records
- विराट कोहली की कप्तानी में भारतीय टीम ने घर और एशिया के बाहर 10 वनडे मैचो में लगातार जीत दर्ज की है, जिसके बाद वह ऐसा करने वाले पहले भारतीय कप्तान बन गए हैं।
- विंडीज़ के खिलाफ मिली 125 रनों की जीत विश्वकप में रनों के लिहाज़ से किसी भी टीम की यह वेस्टइंडीज़ के खिलाफ तीसरी सबसे बड़ी जीत है। इससे पहले साल 2015 के विश्वकप में वेस्टइंडीज़ को दक्षिण अफ्रीका ने 257 रन और न्यूज़ीलैंड ने 143 रनों से हराया था।
- कोहली ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 20000 रन पूरे करने के मामले में सबसे तेज़ बल्लेबाज़ बन गए हैं। इससे पहले यह रिकॉर्ड ब्रायन लारा और सचिन तेंदुलकर के नाम पर था, जिन्होंने 453 पारियों में इसे हासिल किया था।
- पिछले 4 लगातार मुकाबलो में विराट कोहली ने 50 से अधिक रनों की पारियां खेली हैं। इस मामले में विराट विश्वकप में तीसरे ऐसे कप्तान बन गए हैं, जिन्होंने लगातार 4 बार 50 से अधिक पारियां खेली हैं। इससे पहले 2007 के विश्वकप में ग्रीम स्थिम ने पहली बार ऐसा किया था, तो वहीं इस विश्वकप में ऑस्ट्रेलियन कप्तन ऐरन फिंच पहले ही ऐसा कर चुके हैं।
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- विश्वकप में विराट कोहली तीसरे ऐसे भारतीय बल्लेबाज़ बन गए हैं, जिन्होंने 4 लगातार मैचो में 50 रनों से अधिक की पारियां खेली हैं। इससे पहले 1987 के विश्वकप में नवजोत सिंह सिद्धु और उसके बाद सचिन तेंदुलकर ने 1996 औऱ 2003 के विश्वकप में ऐसा किया था।
- मोहम्मद शमी पहले ऐसे भारतीय गेंदबाज़ बन गए हैं, जिन्होंने विश्वकप में तीन बार 4 विकेट एक मैच में हासिल किए हैं। जहां इस विश्वकप में अफगानिस्तान और विंडीज़ के खिलाफ मैच में तो वहीं पहली बार साल 2015 के विश्वकप में पाकिस्तान के खिलाफ शमी ने मैच में 4 विकेट लिए थे।
- शमी विश्वकप में दूसरे ऐसे भारतीय गेंदबाज़ बन गए जिन्होंने लगातार 2 बार 4 विकेट एक मैच में हासिल किए हैं। इससे पहले उमेश यादव ने 2015 के विश्वकप में पहले क्वॉटर फाइनल औऱ उसके बाद सेमीफाइनल में 4 विकेट लिए थे।
- महेंद्र सिंह धोनी विश्वकप के इतिहास में दूसरे सबसे उम्रदराज़ विकेटकीपर बल्लेबाज़ हैं, जिन्होंने किसी मैच में अर्धशतक लगाया हो। धोनी ने विंडीज़ के खिलाफ इस मैच 37 साल 355 दिन की उम्र में यह अर्धशतकीय पारी खेली है। वहीं इस मामले में पहले स्थान पर इंग्लैंड के पूर्व विकेटकीपर बल्लेबाज़ एलेक स्टीवर्ट हैं, जिन्होंने 2003 के विश्वकप में नामीबिया के खिलाफ 39 साल 317 दिन उम्र में 60 रनों की पारी खेली थी।
- इस मैच में विराट कोहली का विकेट जेशन होल्डर ने हासिल किया जिसके बाद कोहली विश्वकप में तीसरे ऐसे भारतीय कप्तान बन गए हैं, जो विपक्षी कप्तान की गेंद पर अपना विकेट गवां बैठे। इससे पहले 1999 के विश्वकप में अजहरूद्दीन को वसीम अकरम ने और उसके बाद 2003 के विश्कप में सौरव गांगुली को पहले पाकिस्तान के वकार यूनिस और उसके बाद नीदरलैंड के कप्तान रोलेंड लेफेबर्व ने ऑउट किया था।
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